99% लोग नहीं जानते ओसामा बिन लादेन मृत्यु की ये सच्चाई

ओसामा बिन लादेन आतंकवादी संगठन अल कायदा से आता था। जिसने अमेरिका जैसी महाशक्ति को चुनौती देने की कोशिश की थी। (Osama bin laden death kaise hui)

लेकिन उसकी कोशिश का परिणाम यह हुआ कि कि जहां यह वह रहता था उसी जगह इसको एक ऑपरेशन के अंदर मार दिया गया। अमेरिका को चुनौती देने के कारण पूरे संगठन पर खतरे के बादल मंडराने लगे थे। यह जब तक जिंदा रहा किसी जगह छुपकर जिसने अपना साम्राज्य बढ़ाने की कोशिश की लेकिन एक दिन ऐसा आया जिसमें अमेरिका ने सर्च ऑपरेशन करके इसको मार गिराया। जिस दिन मर गया कुत्ते की मौत मार दिया गया।

यह जब तक जिंदा था चूहे की तरह छुप-छुपकर वार करता रहा अमेरिकी एजेंसी इसको दिन रात ढूंढती रहती थी। लेकिन अचानक एक दिन खबर आती है कि वह समझ बिन लादेन को उसी के घर में घुसकर अमेरिकी संगठनों के द्वारा मार दिया गया था। आज हम जानेंगे इसके पीछे का सच और कैसे यह ऑपरेशन को अंजाम दिया गया था।

ओसामा को कैसे मारा गया

समय था मई 2019 जब ओसामा बिन लादेन को ढूंढने की ऑपरेशन को तेजी से करने के लिए आदेश दिए गए। किसके लिए उस समय के राष्ट्रपति बराक ओबामा ने उनके सुरक्षा सलाहकार और अन्य अधिकारियों के साथ मीटिंग करके सर्च ऑपरेशन को तेजी से करने के लिए आर्डर दिए।

911 की नौवीं बरसी से पहले ठीक है एक दिन उनके सुरक्षा सलाहकार और उनके नीचे काम करने वाले एक आदमी ने बराक ओबामा बात की और उनसे कहा कि हमें ओसामा बिन लादेन के बारे में शुरुआती जानकारी हासिल हुई। उस समय के सीआईए के निर्देशक पेनेटा और उनके नीचे काम करने वाले माइक व्यारेल नए राष्ट्रपति से बात की और उन्हें कहा कि हमें अलकायदा के नीचे काम करने वाले मैसेंजर के बारे में जानकारी हासिल हुई है।

जिसका नाम अबू अहमद अल कुवेशी था। उन्होंने उस समय कहा था कि इस आदमी के ओसामा बिन लादेन के साथ बहुत से नजदीक के संबंध है। इसके बाद इन दोनों की जोड़ी फिर से बराक ओबामा के साथ मिलने को गई। इस बार इनको ओसामा बिन लादेन के बारे में जिस जगह रहता है उसकी जानकारी बराक ओबामा को साहब तुरंत प्रदान की थी।

दरअसल ओसामा बिन लादेन पाकिस्तान के ऐबटाबाद शहर में छुपा हुआ था। जिस घर में छुपा हुआ था वह आसपास के सभी प्लॉट से बहुत बड़ा था। अपने बगल वाले प्लॉट से 8 गुना बड़ा था। इस प्लॉट के मालिक बगल वाले प्लॉट में रहते थे।

यह मकान 3 मंजिला था। सबसे ऊपर वाली मंजिल पर बालकनी लेकिन इस बालकनी को भी दीवार से ढग दिया गया था। कई बार यह भी देखा गया कि कोई आदमी तेज कदमों से हाथ नीचे उतरता था और जल्दी से अंदर जाता था। इसी के साथ ही घर का कूड़ा भी अंदर ही जलाया जाता था।

इन सभी बातों को ध्यान में रखकर डिटेक्टिव का मानना था कि अंदर ओसामा बिन लादेन भी छुपा हुआ है। बराक ओबामा अपनी बायोग्राफी में लिखते हैं कि इसके बाद हमारे पास दो रास्ते थे पहला तो एयर स्ट्राइक करके ओसामा बिन लादेन को मार दिया जाए या दूसरा है कि किसी से ऑपरेशन के तहत मिलिट्री फोर्स भेजकर उसका शव वहां से लेकर यहां लाया जाए।

लेकिन एयर स्ट्राइक करने में खतरा था। एयर स्ट्राइक करने के बाद यह आप साबित नहीं कर सकते थे कि मारा गया आदमी ओसामा बिन लादेन था। इसी बात को ध्यान में रखकर सीक्रेट ऑपरेशन चला जाएगा जिसके जिसके तहत कुछ चुनिंदा ट्रेन ऑफिसर वहां पर जाएंगे और ओसामा बिन लादेन का खात्मा करेंगे।

इस ऑपरेशन को करने के लिए कई अफसरों ने अपनी नापसंद की जाहिर कर थी। लेकिन ओसामा बिन लादेन में किसी की बात में सुनते हुए इस ऑपरेशन को अनुमति दे दी।

इसके बाद सैटेलाइट इमेज लेकर उस घर का थ्री डाइमेंशनल फोटोग्राफ तैयार किया गया और उस पर काम करना चालू कर दिया। अटैक कैसे करना है और न ही मिशन को अंजाम कैसे लेना है इसकी पूरी जानकारी बराक ओबामा को दे दी गई। इस बैठक में कई चीजों पर बात और चर्चा की गई और इसके बारे में सभी अच्छाई और बुराई ऊपर चिंतन भी किया गया। सभी लोगों की सहमति मिलने के बाद इस ऑपरेशन को शुरू करने के आदेश दे दिए गए।

ओसामा बिन लादेन की मौत के दिन Osama bin laden death date मतलब 2 मई 2011 जहां पाकिस्तान में रात हो रही थी वहीं अमेरिका में सुबह हुई थी। रात के 2:00 बजे पे अफगानिस्तान के हवाई अड्डे से मतलब जलालाबाद से दो हेलीकॉप्टर उड़कर ओसामा बिन लादेन जहां छुपा था वहां मंडराने लगे। उनके साथ एक पाकिस्तानी ट्रांसलेटर और एक स्पेशल ट्रेन डॉग कायरो भी था।

इस ऑपरेशन को महज 1 घंटे के अंदर खत्म कर दिया गया। लेकिन जब तक हेलीकॉप्टर और उसके अंदर मौजूद सभी सैनिक सुरक्षित वापस नहीं आ जाते तब तक बराक ओबामा ने चैन की सांस नहीं ले। ओसामा बिन लादेन को खत्म करने के बाद कुछ किस्मों की पुष्टि करके उसके ब्लड सैंपल्स लेकर और अन्य जानकारी हासिल करके वहां से हेलीकॉप्टर और उसके अंदर सभी सैनिक सुरक्षित वापस लौट आए। अंत में Osama bin laden death photo पेश किये गए.